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सुखाड़िया विश्वविद्यालय की कुलगुरु के आपत्तिजनक वक्तव्य पर महासंघ ने जांच समिति को ज्ञापन सौंपा*

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*सुखाड़िया विश्वविद्यालय की कुलगुरु के आपत्तिजनक वक्तव्य पर महासंघ ने जांच समिति को ज्ञापन सौंपा*
कांतिलाल मांडोत
उदयपुर 18 सितम्बर
मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय, उदयपुर में 12 सितंबर 2025 को आयोजित भारतीय ज्ञान प्रणाली एवं राष्ट्रीय शिक्षा नीति संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र में कुलगुरु द्वारा दिए गए आपत्तिजनक वक्तव्य के विरोध में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, राजस्थान (उच्च शिक्षा) के प्रतिनिधिमंडल ने आज जांच समिति के अध्यक्ष श्रीमती प्रज्ञा केवलरमानी संभागीय आयुक्त उदयपुर को ज्ञापन सौंपकर कठोर कार्रवाई की मांग की। संगठन के प्रदेश सह सचिव प्रो अशोक सोनी, उदयपुर विभाग सह संयोजक प्रो सुदर्शन सिंह राठौर, डॉ सरोज कुमार, जिला सचिव डॉ भव शेखर, मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय इकाई के उपाध्यक्ष डॉ सिद्धार्थ शर्मा ने संभागीय आयुक्त महोदया से शिक्षा ,विद्यार्थी और राष्ट्र हित में कुलगुरु पर कठोर कारवाई करने का अनुरोध किया ।
महासंघ ने ज्ञापन में कहा कि कुलगुरु ने महाराणा प्रताप और पृथ्वीराज चौहान की तुलना विदेशी आक्रांता अकबर से की और इतिहास के सबसे क्रूरतम शासक औरंगज़ेब को सबसे कुशल प्रशासक बताकर महिमामंडित किया। इसे महासंघ ने तथ्यहीन और भारतीय संस्कृति का अपमान बताया।
महामंत्री प्रो. रिछपाल सिंह ने कहा कि कुलगुरु के शब्द केवल व्यक्तिगत नहीं, बल्कि शैक्षिक विमर्श को दिशा देते हैं। इस प्रकार के वक्तव्य विद्यार्थियों को गुमराह करते हैं और राष्ट्रीय शिक्षा नीति की भावना के भी प्रतिकूल हैं।
अध्यक्ष प्रो. मनोज बहरवाल ने कहा कि मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय अधिनियम में कुलगुरु के दायित्व और मर्यादाएँ स्पष्ट रूप से वर्णित हैं। एक शासकीय विश्वविद्यालय की कुलगुरु द्वारा इस प्रकार का आचरण न केवल अनुचित है, बल्कि शिक्षा-जगत और शोध-परंपरा दोनों के लिए हानिकारक है। महासंघ अपेक्षा करता है कि जांच समिति उचित अनुशासनात्मक कार्रवाई की अनुशंसा करेगी।
महासंघ ने स्पष्ट किया कि भारतीय इतिहास और महान विभूतियों का अपमान किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है। संगठन ने जांच समिति से ठोस अनुशंसा की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो ।
उल्लेखनीय है कि राज्यपाल द्वारा मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय की कुलगुरु के विरुद्ध प्राप्त शिकायतों की जांच हेतु संभागीय आयुक्त उदयपुर की अध्यक्षता में एक जांच समिति का गठन 17 सितंबर को जारी आदेश द्वारा किया गया है।

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