समाधान खोजने वाली युवा पीढ़ी से बनेगा विकसित भारत
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समाधान खोजने वाली युवा पीढ़ी से बनेगा विकसित भारत
सोशल मीडिया के एल्गोरिदम और मिथ्या सूचनाओं को चुनौति दे रहा भारतीय युवा
कांतिलाल मांडोत
उदयपुर 11 अगस्त 2026
राजकीय मीरा कन्या महाविद्यालय, उदयपुर के राजनीति विज्ञान परिषद द्वारा सोमवार को युवा संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह क्षेत्र संपर्क प्रमुख योगेन्द्र कुमार थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य प्रो. अंजना गौतम ने की। राजनीति विज्ञान विभागाध्यक्ष प्रो. मंजू फडिया मंचासीन रहीं।
सामाजिक कार्यकर्ता एवं युवा विषय अध्येता योगेन्द्र कुमार ने अपने व्याख्यान में भारत के युवाओं से आह्वान किया कि राष्ट्र प्रथम का भाव लेकर इस सोच के साथ आगे बढ़ें कि वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाएं और सोशल मीडिया के एल्गोरिदम, मिथ्या सुचनाओं, भ्रम और नैरेटिव से सावधान रहे। भारतीय युवाओ ने ‘राष्ट्र प्रथम’ के भाव के साथ वैश्विक षड़यंत्रो को विफल किया है।
उन्होंने कहा कि युवा अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों का पालन करते हुए एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में कार्य करें। स्वभाषा एवं स्वसंस्कृति का बोध आज के युवाओं को होना चाहिए। युवा भारत के भविष्य हैं। इन्हें प्रकृति एवं पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण, प्लास्टिक मुक्त एवं नशा मुक्त देश बनाने के लिए संकल्पवान एवं जिम्मेदार नागरिक बनना चाहिए।
उन्होंने अपने उद्बोधन में अहिल्याबाई होल्कर, झांसी की रानी लक्ष्मीबाई, किरण बेदी, लता मंगेशकर, मैरीकॉम, बछेंद्री पाल जैसी नारी शक्तियों के योगदान एवं भूमिका का भारत के निर्माण में किस प्रकार योगदान रहा है, इस पर प्रकाश डाला।
उन्होंने कहा कि भारत आर्थिक शक्ति का केंद्र बन रहा है। प्राचीन ज्ञान के केंद्र नालंदा, तक्षशिला विश्वविद्यालय में ज्ञान, विज्ञान, रसायन, गणित, योग, चिकित्सा आदि के क्षेत्र में भारत विश्वगुरु रहा है। 2026 का भारत गुलामी से मुक्त एवं आत्मविश्वास से भरपूर है। युवा भारत है। आज का युवा भारत का भविष्य है और वह राष्ट्र प्रथम का भाव लेकर चले।
प्राचार्य प्रो अंजना गौतम ने अपने स्वागत भाषण में बताया कि युवाओं के व्यक्तित्व निर्माण, संस्कार निर्माण एवं चरित्र निर्माण में शिक्षा के साथ-साथ दोस्त, शिक्षक और परिवार का अपना महत्वपूर्ण योगदान होता है।
प्राध्यापक डॉ. सरोज कुमार ने प्रस्तावना रखी। संचालन डॉ. श्रुति टंडन ने किया तथा विभागाध्यक्ष प्रो. भावना पोखरना ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
महाविद्यालय की छात्राओं ने संवाद कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए युवा विमर्श एवं विकसित भारत पर अपने विचार रखे।
इस अवसर पर संकाय सदस्य प्रो. कुलदीप फडिया, प्रो. नवीन झा, प्रो. राजकुमार बोलिया, डॉ. मुकेश व्यास, डॉ. भवशेखर, डॉ. सुनील खटीक, डॉ. प्रहलाद धाकड़, प्रवीण टांक, अदिति राठौड़, विष्णु मेनारिया, अश्विनी कुमार आदि उपस्थित थे।
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